बैंक लोन कितने प्रकार के होते हैं (Bank Loan Kitne Prakar Ke Hote Hain)

बैंक लोन कितने प्रकार के होते हैं (Loan Kitne Prakar Ke Hote Hain) अधिकांश लोग जानना चाहते हैं । क्योंकि आज-कल लगभग सभी बैंको द्वारा कई प्रकार के लोन प्रदान किया जा रहा है । प्रत्येक व्यक्ति को अपनी निजी कामों के लिए कभी-न-कभी पैसों की आवश्यकता पड़ती है और बैंक से लोन लेने के लिए मन बना लेते हैं । लेकिन जानकारी के अभाव में गलत प्रकार के लोन लेने के बाद उन्हें अधिक से अधिक ब्याज देना पड़ जाता है । भारत में बैंक कितने प्रकार के लोन देती है जानने आये हैं तो पूरी आर्टिकल को जरूर पढें । इस आर्टिकल में बैंक लोन के प्रकार से संबंधित विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई है ।



बैंक लोन कितने प्रकार के होते हैं (Bank Loan Kitne Prakar Ke Hote Hain)
बैंक लोन कितने प्रकार के होते हैं (Bank Loan Kitne Prakar Ke Hote Hain)




बैंक लोन कितने प्रकार के होते हैं (Loan kitne prakar ke hote hain)


बैंक लोन निम्नलिखित प्रकार के होते हैं:-


1. व्यक्तिगत लोन (Personal Loan)


जब अचानक किसी व्यक्ति को पैसो की जरूरत पड़ती है अपनी निजी कामो के लिए तो इस प्रकार के लोन को व्यक्तिगत लोन कहा जाता है । व्यक्तिगत लोन अन्य प्रकार के लोन से अधिक महंगा होता है । इस प्रकार के लोन कि सुविधा ज्यादातर सैलरी और बिज़नेस करने वालो को मिलता है । व्यक्तिगत लोन का ब्याज 11% से लेकर 36% तक होता है । वहीं व्यक्तिगत लोन पर कम या अधिक ब्याज दर क्रेडिट और सिविल स्कोर पर भी निर्भर होता है । 


2. गृह लोन (Home Loan)


ऐसा लोन जिसे मकान बनाने या घर खरीदने मे लिया जाए तो उस लोन को गृह लोन कहा जाता है । अगर व्यक्ति अपनी आय का स्रोत पेपर पर दिखा सकता है तो उन्हें गृह लोन आसानी से मिल जाता है । गृह लोन लेने के लिए जमीन का कागज़ात या फ्लैट के ऑरिजनल पेपर बैंक को गिरवी के तौर पर देना जरूरी होता है । गृह लोन पर सालाना 6% से 9% ब्याज लगता है । गृह लोन की ब्याज दर डॉक्यूमेंट और क्रेडिट हिस्ट्री के आधार पर कम या अधिक हो सकता है ।


3. वाहन लोन (Vehicle Loan)


वाहन खरीदारी के लिए लिया गया लोन को वाहन लोन कहा जाता है । अगर किसी के पास आय का स्रोत है, तो उसे आसानी से वाहन लोन मिल जाता है । वाहन लोन पर सभी बैंक या एनबीएफसी 9% तक सालाना ब्याज लेती है । परंतु ये ब्याज दर क्रेडिट हिस्ट्री के आधार पर कम या ज्यादा हो सकता है ।


4. सोना लोन (Gold Loan)


सोना के उपर मिलने वाला लोन को सोना ऋण या गोल्ड लोन कहा जाता है । गोल्ड लोन लेने के लिए किसी प्रकार का आय का सबूत देना नही पड़ता है । गोल्ड लोन के लिए केवल केवाईसी कराना होता है । आज-कल लगभग सभी बैंक और एनबीएफसी आसानी से गोल्ड लोन दे रही है । क्योंकि इस प्रकार के लोन डुबने की आशंका ना के बराबर होती है । बाकि लोन की तुलना में गोल्ड लोन की ब्याज लिए गए नगद के उपर कम और अधिक होती है । गोल्ड लोन की ब्याज दर 1% से शुरू होता है जबकि लोन रकम के उपर 4% तक महीने का जा सकता है ।


5. संपत्ति लोन (Property Loan)


अचानक पैसे की जरूरत पड़ने पर व्यक्ति अपनी संपत्ति को गिरवी रख कर लोन ले सकता है । इस प्रकार के लोन को संपत्ति लोन कहा जाता है । संपित्त लोन लेने के लिए केवाईसी करना होता है । यह लोन संपत्ति की किमत के हिसाब से मिलता है । तथा संपत्ति लोन पर सालाना 8% से लेकर 10% तक ब्याज लगता है ।


6. शिक्षा लोन (Education Loan)


शिक्षा लोन सभी बैंक और एनबीएफसी प्रदान करता है । यह लोन स्टुडेंट के पुराने मैरिट रिकार्ड को देखकर तय किया जाता है कि लोन मिलेगा या नही या कितना मिलेगा । शिक्षा लोन के लिए ग्रांटर अभिभावक को बनना पड़ता है, जबकि शिक्षा लोन की ब्याज दर 7% से लेकर 9% तक होती है । 


7. गिरवी लोन (Mortgage Loan)


किसी भी तरह के प्रोपर्टी को गिरवी रखकर लिया जाने वाला लोन को गिरवी लोन कहते हैं । इस प्रकार के लोन व्यापार करने, मकान बनाने या फ्लैट खरीदने के लिए लिया जाता है । गिरवी लोन लेने के लिए प्रोपर्टी की कागज़ात लोन देने वाली बैंक या संस्था को देना होता है । गिरवी लोन पर सालाना 9% तक ब्याज लिया जाता है । यह ब्याज दर क्रेडिट हिस्ट्री के आधार पर कम या ज्यादा भी हो सकती है ।


8. ओवरड्राफ्ट लोन (Overdraft Loan)


लगभग सभी बैंक ओवरड्राफ्ट लोन की सुविधा देती है । अर्थात अगर किसी व्यक्ति का बैंक में फिक्स्ड डिपॉजिट है तो ओवरड्राफ्ट के अंतर्गत 90% तक लोन ले सकता है । ओवरड्राफ्ट लोन के उपर ब्याज दर 1% से लेकर 3% तक महीने की होता है ।


9. क्रेडिट कार्ड लोन (Credit Card Loan)


आज-कल बैंक व्यक्ति के इनकम के आधार कैस क्रेडिट देता है, जिसे कहीं भी कभी भी ख़र्च किया जा सकता है । कैश क्रेडिट को क्रेडिट कार्ड लोन भी कहा जाता है । क्योंकि इस प्रकार के लोन को कार्ड के जरिए खर्च करने की अनुमती होती है । क्रेडिट कार्ड लोन पर सालाना 36% तक ब्याज के अलावा कई तरह के हेडन चार्जेज लिया जाता है ।


10. कैश क्रेडिट लोन (Cash Credit Loan)


कैश क्रेडिट लोन की सुविधा आमतौर पर व्यापार करने वाले लोगो को दिया जाता है । इस तरह के लोन को बिज़नेस लोन भी कहा जाता है । कैश क्रेडिट लोन पर सालाना 12% तक ब्याज लगाया जाता है ।



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